
वाराणसी, 2 जुलाई 2026।
काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के चिकित्सा विज्ञान संस्थान स्थित सर सुन्दरलाल चिकित्सालय के कायचिकित्सा विभाग के अंतर्गत आयुर्वेदिक चरक पुरुष वार्ड के प्रथम तल पर स्थापित ‘संशोधन चिकित्सा इकाई’ का शुभारम्भ दिनांक 2 जुलाई 2026 को प्रातः 11:00 बजे चिकित्सा विज्ञान संस्थान के निदेशक प्रो. सत्य नारायण संखवार द्वारा किया गया।यह कार्यक्रम कायचिकित्सा विभागाध्यक्ष प्रो. राजेन्द्र प्रसाद तथा संशोधन चिकित्सा इकाई के प्रभारी प्रो. अजय कुमार पाण्डेय के मार्गदर्शन एवं संरक्षण में सम्पन्न हुआ।
इस अवसर पर विभाग के वरिष्ठ आचार्य प्रो. जे. एस. त्रिपाठी, डॉ. शालिनी, डॉ. मीरा अंतीवाल सहित विभाग के पीएच.डी. शोधार्थी, सीनियर रेजिडेंट, जूनियर रेजिडेंट एवं अन्य चिकित्सक एवं कर्मचारीगण उपस्थित रहे।
विभागाध्यक्ष प्रो. राजेन्द्र प्रसाद एवं इकाई प्रभारी प्रो. अजय कुमार पाण्डेय ने बताया कि इस संशोधन चिकित्सा इकाई में आयुर्वेद के प्रामाणिक ग्रन्थों में वर्णित संशोधन एवं अन्य चिकित्सीय विधियों के माध्यम से विभिन्न जीर्ण एवं जटिल रोगों का उपचार अनुभवी आयुर्वेदाचार्यों की देखरेख में किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि यहाँ गठिया, श्वास रोग, सोरायसिस, श्वित्र (सफेद दाग), लकवा, साइटिका, सर्वाइकल स्पॉन्डिलाइटिस, ऑस्टियोआर्थराइटिस, स्लिप डिस्क, एक्ज़िमा, विभिन्न उदर (पेट) रोग तथा मानसिक रोगों सहित अनेक दीर्घकालिक व्याधियों की चिकित्सा स्नेहन, स्वेदन, वमन, विरेचन, बस्ति, ग्रीवा बस्ति, कटि बस्ति, शिरोबस्ति, शिरोधारा, नस्य आदि आयुर्वेदिक उपचार पद्धतियों द्वारा की जाएगी।
इस संशोधन चिकित्सा इकाई की स्थापना से रोगियों को एक ही स्थान पर विशेषज्ञ चिकित्सकों के मार्गदर्शन में समग्र एवं वैज्ञानिक आयुर्वेदिक उपचार उपलब्ध हो सकेगा। साथ ही यह इकाई आयुर्वेदिक चिकित्सा के क्षेत्र में उपचार, प्रशिक्षण एवं अनुसंधान गतिविधियों को भी नई दिशा प्रदान करेगी।